स्टेट बैंक ऑफ इंडिया को अनधिकृत लेनदेन के मामले में ग्राहक को 1.30 लाख रुपये का भुगतान करना होगा। मामला 80,000 रुपये की ATM धोखाधड़ी से जुड़ा है। विवादित ATM निकासी की CCTV फुटेज बैंक पेश नहीं कर सका। बैंक खाते से हुए दो फंड ट्रांसफर की भी वह स्पष्ट वजह नहीं बता पाया। उपभोक्ता आयोग ने बैंक की सेवा में कमी को गंभीरता से लिया। आयोग ने ग्राहक के पक्ष में दिए गए 1.30 लाख रुपये के भुगतान के आदेश को बरकरार रखा। बैंक ने इस आदेश के खिलाफ अपील की थी। हालांकि, उसकी अपील खारिज कर दी गई। आयोग ने माना कि शिकायत के निपटारे में बैंक की ओर से पर्याप्त सेवा नहीं दी गई। CCTV फुटेज और लेनदेन से जुड़े स्पष्टीकरण उपलब्ध नहीं करा पाने से बैंक का पक्ष कमजोर हुआ। फैसले के बाद ग्राहक को निर्धारित राशि का भुगतान किए जाने का रास्ता साफ हो गया है।
Source: Source