मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने एक बार फिर मितव्ययता और सादगी की मिसाल पेश की है। उन्होंने 28 मई को इंदौर से उज्जैन की यात्रा साधारण बस से की। यह कदम आम जनता को सादगी का संदेश देने के लिए उठाया गया। सीएम ने शासकीय काफिले और विशेष सुविधाओं का इस्तेमाल नहीं किया। वे आम यात्रियों के साथ बस में सवार रहे। यह उनकी सादगी और कर्तव्यनिष्ठा को दर्शाता है। इससे पहले भी वे इस तरह की मितव्ययता का उदाहरण दे चुके हैं। अधिकारियों के अनुसार, सीएम का यह कदम ईंधन और सुरक्षा खर्चों में भी कटौती करता है। सीएम के इस व्यवहार से आम लोगों में संदेश गया कि नेता भी उनके जैसा व्यवहार कर सकते हैं। यात्रा के दौरान सीएम ने बस में अन्य यात्रियों से भी बातचीत की। उन्होंने उज्जैन में आयोजित एक सरकारी कार्यक्रम में भाग लिया। स्थानीय लोगों ने सीएम की सादगी की सराहना की। विपक्ष ने भी इस कदम की प्रशंसा की है, हालांकि कुछ ने इसे प्रदर्शनकारी मुद्रा बताया। फिलहाल, इस यात्रा ने एक सकारात्मक संदेश दिया है। सीएम का मानना है कि नेताओं को जनता के बीच रहकर काम करना चाहिए।
Source: Source