छत्तीसगढ़ कांग्रेस ने प्रदेशभर में ‘स्मार्ट मीटर हटाओ’ अभियान शुरू करने की घोषणा की है। प्रदेश कांग्रेस अध्यक्ष दीपक बैज ने बताया कि यह जन अभियान जुलाई से शुरू होगा। अभियान के तहत पार्टी कार्यकर्ता घर-घर जाकर लोगों से संपर्क करेंगे। स्मार्ट मीटर हटाने की मांग के समर्थन में उपभोक्ताओं से फॉर्म भरवाए जाएंगे। कांग्रेस का आरोप है कि भाजपा सरकार के कार्यकाल में बिजली दरों में लगातार बढ़ोतरी हुई है। पार्टी का दावा है कि आम लोगों के बिजली बिल पहले की तुलना में काफी बढ़ गए हैं। कांग्रेस इस मुद्दे को विधानसभा और जनआंदोलन दोनों स्तरों पर उठाने की तैयारी कर रही है। पार्टी का कहना है कि स्मार्ट मीटर और बढ़ी हुई बिजली दरों से उपभोक्ताओं पर अतिरिक्त आर्थिक बोझ पड़ रहा है। दूसरी ओर, राज्य विद्युत नियामक आयोग ने वित्तीय वर्ष 2026-27 के लिए नई बिजली दरों को मंजूरी दी है। नई दरों के तहत घरेलू, व्यावसायिक और कृषि उपभोक्ताओं के लिए बिजली शुल्क में बढ़ोतरी की गई है। संशोधित दरें 1 जुलाई 2026 से लागू होंगी। आयोग का कहना है कि प्रस्तावित 24 प्रतिशत वृद्धि को खारिज कर औसतन 6.23 प्रतिशत बढ़ोतरी ही मंजूर की गई है। आयोग के अनुसार अधिकांश घरेलू उपभोक्ताओं पर इसका प्रभाव सीमित रहेगा क्योंकि बिजली बिल हाफ योजना जारी रहेगी। बिजली वितरण लागत और आय के बीच अंतर को देखते हुए दरों में संशोधन का निर्णय लिया गया है।
Source: Source