पटना में 8 मई को शिक्षक भर्ती परीक्षा की मांग को लेकर हुए आंदोलन के बाद गिरफ्तार किए गए दिलीप कुमार को जेल में पेपर लीक माफियाओं के बीच छोड़ दिया गया। दिलीप कुमार ने बताया कि जेल में उनकी रातें मौत के साए में कटीं। उन्होंने कहा कि जेल में उनके साथ अन्य आरोपी भी थे जो पेपर लीक मामले में शामिल थे। दिलीप कुमार ने बताया कि जेल में उन्हें कई परेशानियों का सामना करना पड़ा। उन्होंने कहा कि जेल में उनकी जान को खतरा था। दिलीप कुमार ने बताया कि जेल में उन्हें पेपर लीक माफियाओं के साथ रखने के कारण उनकी जान को खतरा था। उन्होंने कहा कि जेल में उनके साथ अन्य आरोपी भी थे जो पेपर लीक मामले में शामिल थे। दिलीप कुमार ने बताया कि जेल में उन्हें इंसाफ नहीं मिला। उन्होंने कहा कि जेल में उनके साथ अन्याय हुआ। दिलीप कुमार ने बताया कि जेल में उनकी रातें मौत के साए में कटीं और उन्हें लगा कि उनकी जान को खतरा है।
Source: Source