तमिलनाडु के कोयंबटूर में ई-चालान प्रणाली की बड़ी खामी सामने आई है। एक गैर-कार्यशील दोपहिया वाहन पर 249 गलत ट्रैफिक जुर्माने लगाए गए। इन जुर्मानों की कुल राशि करीब 3 लाख रुपये बताई जा रही है। इस मामले ने पुलिस की ई-चालान सत्यापन प्रक्रिया पर सवाल खड़े कर दिए हैं। वाहन मालिक को बिना वजह आर्थिक परेशानी का सामना करना पड़ा। घटना के बाद डिजिटल चालान व्यवस्था की जांच की मांग उठ रही है। अधिकारियों से रिकॉर्ड और चालान प्रक्रिया की समीक्षा करने की उम्मीद है। ऐसी गलतियों से आम नागरिकों को अनावश्यक परेशानी हो सकती है। ई-चालान प्रणाली में सही डेटा सत्यापन की जरूरत पर जोर दिया जा रहा है। पुलिस व्यवस्था में तकनीकी सुधार की आवश्यकता को यह मामला उजागर करता है। संबंधित विभाग से मामले को सुधारने और जिम्मेदारी तय करने की मांग की जा रही है।
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