शिमला के एक लक्ज़री होटल को उपभोक्ता आयोग ने एक ग्राहक को 20,000 रुपये का मुआवजा देने का आदेश दिया है। मामला उस समय का है जब होटल में ठहरी एक महिला डिनर के बाद अपने अपार्टमेंट लौटते समय घायल हो गई थी। रिपोर्ट के अनुसार, महिला एक खराब और टूटी हुई सड़क पर फिसल गई, जिससे उसके पैर में चोट लग गई। शिकायत में कहा गया कि होटल ने वादा किए गए ट्रांसपोर्ट की सुविधा उपलब्ध नहीं कराई। उपभोक्ता आयोग ने पाया कि होटल ने मेहमानों की सुरक्षा सुनिश्चित करने में लापरवाही बरती। आयोग ने इसे सेवा में कमी और लापरवाही का मामला माना। इस फैसले में होटल को जिम्मेदार ठहराते हुए मुआवजा देने का आदेश दिया गया। यह मामला होटल इंडस्ट्री में सुरक्षा मानकों को लेकर चर्चा का विषय बन गया है। विशेषज्ञों का कहना है कि ऐसे मामलों में सेवा प्रदाताओं की जिम्मेदारी और बढ़ जाती है।
Source: Source