बालोद एनएच 30 में मरकाटोला के पास पुरूर पुलिस ने मंगलवार को चेकिंग के दौरान कार से 65 लाख रुपए जब्त किया हैं। दूसरे दिन भी व्यापारी पैसे का स्पष्ट स्रोत बता नहीं पाया। पूछताछ के दौरान संतोषजनक जवाब व दस्तावेज नहीं मिलने के बाद पुलिस ने जांच का दायरा बढ़ा दिया है। इस मामले में पुलिस ने रायपुर स्थित आयकर विभाग को पत्र भेजकर पूरी जानकारी दे दी है, वहीं मोबाइल कॉल डिटेल रिकॉर्ड (सीडीआर) की जांच कराने का निर्णय लिया गया हैं। अब आगे आयकर विभाग यह पता करेगी कि इतनी बड़ी नकदी कहां से लाई गई, किसे पहुंचाई जानी थी और इसके पीछे कोई संगठित नेटवर्क तो सक्रिय नहीं है। इसके लिए आरोपियों के मोबाइल फोन की जांच के साथ कॉल रिकॉर्ड, लोकेशन और संपर्क में रहे लोगों की जानकारी खंगाली जाएगी। जरूरत पड़ने पर साइबर और तकनीकी एजेंसियों की भी मदद ली जा सकती है। वाहन में सवार बालोद शहर के व्यापारी अमित जैन और उनका ड्राइवर तरौद निवासी लच्छू ठाकुर नगदी रकम के साथ पकड़े गए। 24 घंटे बाद भी कोई वैध कागजात प्रस्तुत नहीं कर पाए है। पुरुर थाना प्रभारी जोगेंद्र साहू ने बताया कि इतनी बड़ी नकदी के मामले में आयकर विभाग की भूमिका महत्वपूर्ण होती है। इसलिए बीएनएनएस की धारा लगाकर पैसे की जब्ती बना ली गई है। रायपुर आयकर विभाग को सूचना दी गई है। आयकर की टीम को रकम और पूरी रिपोर्ट सौंप दी जाएगी। जिसके बाद व्यापारी के आय स्रोत, बैंकिंग ट्रांजेक्शन, व्यापारिक गतिविधियों और टैक्स रिकॉर्ड की जांच कर सकता है। व्यापारी ने ससुराल से रुपए लाने की जानकारी दी है गुरुवार से इस मामले की जांच आईटी विभाग करेगी। ऐसा दावा पुलिस कर रही हैं। पुलिस के अनुसार व्यापारी अमित ने जानकारी दी हैं कि केशकाल ससुराल हैं। वहां साला से 65 लाख मांगकर बालोद ला रहा था। एसडीओपी माया शर्मा ने बताया कि कार में ज्यादा रकम होने की सूचना मुखबिर से मिली थी। जिसके बाद चेकिंग के दौरान कार से 65 लाख जब्त हुआ। आयकर विभाग वाले अब आगे की जांच करंेगे। कार्रवाई के लिए पत्र भेज दिया गया हैं।
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