रेवाड़ी जिले की कोसली पुलिस ने फर्जी शैक्षणिक प्रमाणपत्र उपलब्ध कराने के मामले में एक और आरोपी को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार आरोपी की पहचान उत्तर प्रदेश के आजमगढ़ निवासी राजमान गौड़ के रूप में हुई है। पुलिस ने उसे अदालत में पेश कर चार दिन के पुलिस रिमांड पर लिया है। यह मामला कोरोना काल के दौरान विद्यार्थियों को फर्जी सेकेंडरी सर्टिफिकेट उपलब्ध कराने से जुड़ा है। इन प्रमाणपत्रों का इस्तेमाल स्कूलों में दाखिले और सीनियर सेकेंडरी परीक्षा में बैठने के लिए किया गया था। हरियाणा विद्यालय शिक्षा बोर्ड, भिवानी की जांच में 92 स्कूलों के 129 विद्यार्थियों के प्रमाणपत्र फर्जी पाए गए थे। इनमें रेवाड़ी जिले के 19 विद्यार्थी शामिल हैं। बोर्ड सचिव की शिकायत के बाद प्रदेश के अलग-अलग थानों में जालसाजी के मामले दर्ज किए गए थे। कोसली थाने में इस संबंध में 10 अगस्त 2022 को केस दर्ज हुआ था। पुलिस अब तक इस मामले में 13 आरोपियों को गिरफ्तार कर चुकी है। राजमान गौड़ से पूछताछ कर फर्जी प्रमाणपत्र उपलब्ध कराने वाले नेटवर्क की जानकारी जुटाई जा रही है। पुलिस मामले में शामिल अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच कर रही है। फर्जी प्रमाणपत्रों के जरिए परीक्षा पास करने वाले विद्यार्थियों से जुड़े तथ्यों की भी पड़ताल जारी है।
Source: Source