मध्य प्रदेश के पन्ना जिले में प्रस्तावित रेलवे परियोजना की अब फिर से समीक्षा की जा रही है। मूल संरेखण में 54 हजार से अधिक पेड़ों को काटा गया था, जिससे पर्यावरणीय चिंताएं बढ़ गई थीं। अब मार्ग बदलने की मांग के बाद इस परियोजना को रोककर समीक्षा के दायरे में लाया गया है। स्थानीय निवासियों और पर्यावरण कार्यकर्ताओं ने व्यापक वनों की कटाई का विरोध किया था। रेलवे बोर्ड ने वैकल्पिक मार्ग के विकल्पों का आकलन करने का निर्देश दिया है। प्रारंभिक सर्वेक्षण में बताया गया कि इस परियोजना से वन्यजीवों को भी खतरा हो सकता है। पन्ना टाइगर रिजर्व की निकटता के चलते पर्यावरण मंत्रालय ने भी आपत्ति दर्ज कराई थी। अधिकारियों का कहना है कि नए संरेखण में कम पेड़ कटेंगे, लेकिन लागत अधिक आएगी। परियोजना की समीक्षा पूरी होने में कम से कम तीन महीने लग सकते हैं। फिलहाल, सभी निर्माण कार्य रोक दिए गए हैं और अंतिम निर्णय के बाद ही आगे बढ़ाया जाएगा।
Source: Source