सामाजिक कार्यकर्ता सोनम वांगचुक ने पुलिस कार्रवाई देखने के बाद अपना अनशन दोबारा शुरू कर दिया। उन्होंने पहले 23 दिनों के उपवास के बाद इसे समाप्त करने पर सहमति जताई थी। उनके समर्थक लगातार उनकी गिरती सेहत को लेकर चिंतित थे। इसी कारण उन्होंने वांगचुक से अनशन खत्म करने की अपील की थी। सोमवार को आयोजित ‘संसद चलो’ मार्च के दौरान पुलिस और प्रदर्शनकारियों के बीच तनाव बढ़ गया। प्रदर्शनकारियों का आरोप है कि पुलिस ने बल प्रयोग किया। भीड़ को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस के गोले भी छोड़े गए। सिटिजन्स फॉर जस्टिस एंड पीस (CJP) ने पुलिस पर अत्यधिक बल प्रयोग का आरोप लगाया। संगठन का कहना है कि इस कार्रवाई में कई स्वयंसेवक घायल हुए। समर्थकों के अनुसार, इन घटनाओं ने वांगचुक का निर्णय बदल दिया। उनका मानना है कि हालात गंभीर होने के कारण उन्होंने फिर से अनशन जारी रखने का फैसला किया।
Source: Source